आज की तेज़ रफ्तार जिंदगी में रिटायरमेंट प्लानिंग हर व्यक्ति के लिए बेहद ज़रूरी है। नौकरी के दौरान कमाई अच्छी हो सकती है, लेकिन रिटायरमेंट के बाद नियमित आय का स्रोत नहीं रहता। ऐसे में सही निवेश रणनीति ही भविष्य को सुरक्षित बना सकती है। विशेषज्ञों का मानना है कि 30X Rule और SIP निवेश को अपनाकर आप अपने बुढ़ापे को आर्थिक रूप से निश्चिंत बना सकते हैं।
30X Rule क्या है?
- यह नियम कहता है कि रिटायरमेंट के समय आपके पास आपकी सालाना खर्च का 30 गुना पैसा होना चाहिए।
- उदाहरण: अगर आपका सालाना खर्च ₹6 लाख है, तो रिटायरमेंट तक आपके पास कम से कम ₹1.8 करोड़ होना चाहिए।
- यह राशि आपके जीवनशैली, महंगाई और मेडिकल खर्चों को ध्यान में रखकर तय की जाती है।
SIP से कैसे करें तैयारी?
- SIP (Systematic Investment Plan) एक अनुशासित निवेश तरीका है।
- हर महीने छोटी राशि निवेश करके आप लंबे समय में बड़ा फंड बना सकते हैं।
- इक्विटी म्यूचुअल फंड में SIP सबसे लोकप्रिय विकल्प है।
- 20-25 साल तक लगातार SIP करने से करोड़ों का रिटायरमेंट फंड तैयार हो सकता है।
महंगाई का असर
- महंगाई (Inflation) समय के साथ पैसों की कीमत घटा देती है।
- आज का ₹1 लाख भविष्य में उतना मूल्यवान नहीं रहेगा।
- इसलिए निवेश की योजना बनाते समय महंगाई को ध्यान में रखना ज़रूरी है।
रिटायरमेंट प्लानिंग के लिए सुझाव
- जल्दी शुरुआत करें: जितनी जल्दी निवेश शुरू करेंगे, उतना बड़ा फंड बनेगा।
- डाइवर्सिफिकेशन करें: इक्विटी, डेट, गोल्ड और रियल एस्टेट में संतुलित निवेश करें।
- नियमित समीक्षा करें: हर साल अपने निवेश पोर्टफोलियो की समीक्षा करें।
- मेडिकल इंश्योरेंस लें: स्वास्थ्य खर्च रिटायरमेंट में सबसे बड़ा बोझ होता है।
- अनुशासन बनाए रखें: SIP को बीच में बंद न करें।
रिटायरमेंट प्लानिंग में 30X Rule और SIP निवेश को अपनाना सबसे सुरक्षित रणनीति है। इससे आप न केवल अपने भविष्य को आर्थिक रूप से सुरक्षित बना सकते हैं बल्कि महंगाई और मेडिकल खर्चों से भी बचाव कर सकते हैं।








